04 Nov 2026, 06:08 PM
Gold Rate: सोने की मांग 6 साल में सबसे कम, त्योहारों में खरीदारी 29% तक घटी
ABP News
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<p style="text-align: justify;">इस साल सोने की कीमतों में लगातार तेजी देखने को मिली है, जिसका असर भारतीय बाजार में खरीदारी पर भी पड़ा है. त्योहारों और शादी-ब्याह के <a title="मौसम" href="https://www.abplive.com/weather" data-type="interlinkingkeywords">मौसम</a> में आमतौर पर सोने की मांग बढ़ जाती है, लेकिन इस बार महंगे दामों ने ग्राहकों को खरीदारी से दूर रखा है.</p>
<p style="text-align: justify;">जुलाई से सितंबर 2026 के दौरान देश में सोने की खपत में बड़ी गिरावट दर्ज की गई है. वर्ल्ड गोल्ड काउंसिल (WGC) की रिपोर्ट के अनुसार, यह पिछले छह वर्षों में इस अवधि का सबसे कमजोर प्रदर्शन है.</p>
<p style="text-align: justify;"><strong>आभूषणों की खरीदारी में 20 प्रतिशत की कमी</strong></p>
<p style="text-align: justify;">सोने की कुल मांग में गिरावट का सबसे ज्यादा असर आभूषणों के बाजार पर दिखाई दिया. जुलाई से सितंबर के बीच ज्वेलरी की मांग 20 प्रतिशत घटकर 99.9 टन रह गई. पिछले साल इसी तिमाही में यह 125 टन थी.</p>
<p style="text-align: justify;">हालांकि, कीमतों में बढ़ोतरी के कारण आभूषणों पर खर्च 16 प्रतिशत बढ़कर 1,48,700 करोड़ रुपये हो गया. पिछले साल की तुलना में खरीदारी की मात्रा कम रही, लेकिन ग्राहकों का बजट ज्यादा खर्च हुआ.</p>
<p style="text-align: justify;"><strong>छह साल के निचले स्तर पर पहुंची सोने की मांग</strong></p>
<p style="text-align: justify;">रिपोर्ट के मुताबिक, जुलाई से सितंबर 2026 के बीच भारत में सोने की कुल मांग सालाना आधार पर 29 प्रतिशत घटकर 162.5 टन रह गई. पिछले साल इसी अवधि में यह आंकड़ा 229.8 टन था. <a title="सोने की कीमत" href="https://www.abplive.com/gold-prices" data-type="interlinkingkeywords">सोने की कीमत</a>ों में तेजी के कारण ग्राहकों ने खरीदारी कम कर दी है. हालांकि, मांग में गिरावट के बावजूद इस साल सोने पर होने वाला कुल खर्च बढ़ा है.</p>
<p style="text-align: justify;">2026 की तीसरी तिमाही में सोने की खरीद पर भारतीय उपभोक्ताओं ने करीब 2,41,900 करोड़ रुपये खर्च किए. पिछले साल इसी अवधि में यह राशि लगभग 2,35,090 करोड़ रुपये थी. इससे पता चलता है कि कम मात्रा में खरीदारी होने के बाद भी ग्राहकों को अधिक पैसे खर्च करने पड़ रहे हैं.</p>
<p style="text-align: justify;"><strong>निवेश के लिए सोने की खरीदारी बढ़ी</strong></p>
<p style="text-align: justify;">रिपोर्ट के अनुसार, सोने के सिक्कों और छड़ों की मांग में भी 40 प्रतिशत की गिरावट आई और यह 55 टन रह गई. वहीं, गोल्ड ईटीएफ की मांग 50 प्रतिशत घटकर 5.3 टन दर्ज की गई. इसके बावजूद कीमतों में तेजी और वैश्विक आर्थिक अनिश्चितता के बीच सोने को सुरक्षित निवेश मानने वाले लोगों की दिलचस्पी बनी हुई है.</p>
<p style="text-align: justify;"><strong>आगे भी मांग पर रह सकता है दबाव</strong></p>
<p style="text-align: justify;">विशेषज्ञों के अनुसार, ऊंची कीमतें, घरेलू खर्च और वैश्विक परिस्थितियां सोने की खरीदारी को प्रभावित कर रही हैं. रिपोर्ट में पूरे 2026 के दौरान भारत में सोने की कुल मांग करीब 650 टन रहने का अनुमान लगाया गया है. अगर कीमतों में तेजी जारी रहती है, तो आने वाले त्योहारों और शादी के सीजन में भी ग्राहकों की खरीदारी प्रभावित हो सकती है.</p>
<p style="text-align: justify;"><strong>ग्रामीण बाजारों पर भी पड़ा असर</strong></p>
<p style="text-align: justify;">भारत में सोने की कुल खपत का लगभग आधा हिस्सा ग्रामीण इलाकों से आता है. इस बार कमजोर मानसून और रोजमर्रा के खर्च में बढ़ोतरी ने ग्रामीण परिवारों की खरीदने की क्षमता को प्रभावित किया. इसके चलते गांवों में भी सोने की मांग कमजोर रही.</p>
<p style="text-align: justify;"><strong>यह भी पढ़ें- </strong><strong><a href="https://www.abplive.com/business/dhanteras-jewellery-offers-20-percent-off-making-charges-or-free-gold-coin-3210836">Dhanteras Jewellery Offers: 20% मेकिंग छूट या फ्री सोने का सिक्का, कौन सा फायदेमंद?</a></strong></p>
<p style="text-align: justify;"><strong>यह भी देखें-&nbsp;</strong></p>
<p style="text-align: justify;"><iframe title="YouTube video player" src="https://www.youtube.com/embed/vQtMFbWFzb8?si=4a6h58gnGazz2YJu" width="560" height="315" frameborder="0" allowfullscreen="allowfullscreen"></iframe></p>
<p style="text-align: justify;">जुलाई से सितंबर 2026 के दौरान देश में सोने की खपत में बड़ी गिरावट दर्ज की गई है. वर्ल्ड गोल्ड काउंसिल (WGC) की रिपोर्ट के अनुसार, यह पिछले छह वर्षों में इस अवधि का सबसे कमजोर प्रदर्शन है.</p>
<p style="text-align: justify;"><strong>आभूषणों की खरीदारी में 20 प्रतिशत की कमी</strong></p>
<p style="text-align: justify;">सोने की कुल मांग में गिरावट का सबसे ज्यादा असर आभूषणों के बाजार पर दिखाई दिया. जुलाई से सितंबर के बीच ज्वेलरी की मांग 20 प्रतिशत घटकर 99.9 टन रह गई. पिछले साल इसी तिमाही में यह 125 टन थी.</p>
<p style="text-align: justify;">हालांकि, कीमतों में बढ़ोतरी के कारण आभूषणों पर खर्च 16 प्रतिशत बढ़कर 1,48,700 करोड़ रुपये हो गया. पिछले साल की तुलना में खरीदारी की मात्रा कम रही, लेकिन ग्राहकों का बजट ज्यादा खर्च हुआ.</p>
<p style="text-align: justify;"><strong>छह साल के निचले स्तर पर पहुंची सोने की मांग</strong></p>
<p style="text-align: justify;">रिपोर्ट के मुताबिक, जुलाई से सितंबर 2026 के बीच भारत में सोने की कुल मांग सालाना आधार पर 29 प्रतिशत घटकर 162.5 टन रह गई. पिछले साल इसी अवधि में यह आंकड़ा 229.8 टन था. <a title="सोने की कीमत" href="https://www.abplive.com/gold-prices" data-type="interlinkingkeywords">सोने की कीमत</a>ों में तेजी के कारण ग्राहकों ने खरीदारी कम कर दी है. हालांकि, मांग में गिरावट के बावजूद इस साल सोने पर होने वाला कुल खर्च बढ़ा है.</p>
<p style="text-align: justify;">2026 की तीसरी तिमाही में सोने की खरीद पर भारतीय उपभोक्ताओं ने करीब 2,41,900 करोड़ रुपये खर्च किए. पिछले साल इसी अवधि में यह राशि लगभग 2,35,090 करोड़ रुपये थी. इससे पता चलता है कि कम मात्रा में खरीदारी होने के बाद भी ग्राहकों को अधिक पैसे खर्च करने पड़ रहे हैं.</p>
<p style="text-align: justify;"><strong>निवेश के लिए सोने की खरीदारी बढ़ी</strong></p>
<p style="text-align: justify;">रिपोर्ट के अनुसार, सोने के सिक्कों और छड़ों की मांग में भी 40 प्रतिशत की गिरावट आई और यह 55 टन रह गई. वहीं, गोल्ड ईटीएफ की मांग 50 प्रतिशत घटकर 5.3 टन दर्ज की गई. इसके बावजूद कीमतों में तेजी और वैश्विक आर्थिक अनिश्चितता के बीच सोने को सुरक्षित निवेश मानने वाले लोगों की दिलचस्पी बनी हुई है.</p>
<p style="text-align: justify;"><strong>आगे भी मांग पर रह सकता है दबाव</strong></p>
<p style="text-align: justify;">विशेषज्ञों के अनुसार, ऊंची कीमतें, घरेलू खर्च और वैश्विक परिस्थितियां सोने की खरीदारी को प्रभावित कर रही हैं. रिपोर्ट में पूरे 2026 के दौरान भारत में सोने की कुल मांग करीब 650 टन रहने का अनुमान लगाया गया है. अगर कीमतों में तेजी जारी रहती है, तो आने वाले त्योहारों और शादी के सीजन में भी ग्राहकों की खरीदारी प्रभावित हो सकती है.</p>
<p style="text-align: justify;"><strong>ग्रामीण बाजारों पर भी पड़ा असर</strong></p>
<p style="text-align: justify;">भारत में सोने की कुल खपत का लगभग आधा हिस्सा ग्रामीण इलाकों से आता है. इस बार कमजोर मानसून और रोजमर्रा के खर्च में बढ़ोतरी ने ग्रामीण परिवारों की खरीदने की क्षमता को प्रभावित किया. इसके चलते गांवों में भी सोने की मांग कमजोर रही.</p>
<p style="text-align: justify;"><strong>यह भी पढ़ें- </strong><strong><a href="https://www.abplive.com/business/dhanteras-jewellery-offers-20-percent-off-making-charges-or-free-gold-coin-3210836">Dhanteras Jewellery Offers: 20% मेकिंग छूट या फ्री सोने का सिक्का, कौन सा फायदेमंद?</a></strong></p>
<p style="text-align: justify;"><strong>यह भी देखें-&nbsp;</strong></p>
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Source Credit: abplive.com
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