01 Nov 2026, 10:17 AM
Diwali Calendar 2026: धनतेरस से भाई दूज तक कब कौन सा त्योहार? तारीख और पूजा मुहूर्त एक साथ
ABP News
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<p style="text-align: justify;"><strong>Diwali 2026 Date:</strong> इस साल धनतेरस 6 नवंबर, दिवाली 8 नवंबर और भाई दूज 11 नवंबर को मनाई जाएगी. छोटी दिवाली और लक्ष्मी पूजा एक ही दिन पड़ रही हैं, जबकि गोवर्धन पूजा के लिए 10 नवंबर की तारीख निर्धारित है. जानिए पूरे दीपोत्सव का कैलेंडर और नई दिल्ली के अनुसार पूजा का समय.</p>
<p style="text-align: justify;">दिवाली की तैयारी के बीच इस बार कैलेंडर पर थोड़ा ध्यान देना जरूरी है. आमतौर पर लोग छोटी दिवाली के अगले दिन दिवाली और उसके अगले दिन गोवर्धन पूजा मानकर चलते हैं. लेकिन 2026 में त्योहारों का क्रम ऐसा नहीं है.</p>
<p style="text-align: justify;">8 नवंबर को सुबह नरक चतुर्दशी का अभ्यंग स्नान होगा और शाम को लक्ष्मी पूजा. गोवर्धन पूजा 10 नवंबर को होगी. इसकी वजह चतुर्दशी, अमावस्या और प्रतिपदा तिथियों का आरंभ और समापन समय है. पंचांग के नई दिल्ली संदर्भ में त्योहारों की तारीखें इसी क्रम में दी गई हैं.</p>
<p><iframe title="YouTube video player" src="https://www.youtube.com/embed/HT0bHTAjhV8?si=EY6fDGlZL4KrEgF8" width="560" height="315" frameborder="0" allowfullscreen="allowfullscreen"></iframe></p>
<h3 style="text-align: justify;">दिवाली कैलेंडर 2026: एक नजर में तारीख और मुहूर्त</h3>
<p style="text-align: justify;">नीचे दिए गए सभी समय नई दिल्ली के लिए भारतीय मानक समय के अनुसार हैं. दूसरे शहरों में स्थानीय सूर्योदय, सूर्यास्त और लग्न के कारण मुहूर्त बदल सकते हैं.</p>
<table style="border-collapse: collapse; width: 100%;" border="1">
<tbody>
<tr>
<td style="width: 25%; text-align: left;"><strong>त्योहार का नाम</strong></td>
<td style="width: 14.5417%; text-align: left;"><strong>डेट</strong></td>
<td style="width: 15.7168%; text-align: left;"><strong>दिन</strong></td>
<td style="width: 44.7415%; text-align: left;"><strong>समय</strong></td>
</tr>
<tr>
<td style="width: 25%;">धनतेरस</td>
<td style="width: 14.5417%;">6 नवंबर</td>
<td style="width: 15.7168%;">शुक्रवार</td>
<td style="width: 44.7415%;">शाम 6:02 से 7:57 बजे तक</td>
</tr>
<tr>
<td style="width: 25%;">नरक चतुर्दशी या छोटी दिवाली</td>
<td style="width: 14.5417%;">8 नवंबर</td>
<td style="width: 15.7168%;">रविवार</td>
<td style="width: 44.7415%;">अभ्यंग स्नान सुबह 5:41 से 6:38 बजे तक</td>
</tr>
<tr>
<td style="width: 25%;">दिवाली / लक्ष्मी पूजा</td>
<td style="width: 14.5417%;">8 नवंबर</td>
<td style="width: 15.7168%;">रविवार</td>
<td style="width: 44.7415%;">शाम 5:54 से 7:50 बजे तक</td>
</tr>
<tr>
<td style="width: 25%;">गोवर्धन पूजा / अन्नकूट&nbsp;</td>
<td style="width: 14.5417%;">10 नवंबर</td>
<td style="width: 15.7168%;">मंगलवार</td>
<td style="width: 44.7415%;">सुबह 6:40 से 8:50 बजे तक</td>
</tr>
<tr>
<td style="width: 25%;">भाई दूज</td>
<td style="width: 14.5417%;">11 नवंबर</td>
<td style="width: 15.7168%;">बुधवार</td>
<td style="width: 44.7415%;">तिलक का अपराह्न समय दोपहर 1:10 से 3:20 बजे तक</td>
</tr>
</tbody>
</table>
<p style="text-align: justify;">ये समय संबंधित पर्वों के लिए पंचांग की नई दिल्ली गणना पर आधारित हैं. नरक चतुर्दशी के सामने दिया गया समय अभ्यंग स्नान का है, जबकि भाई दूज के सामने तिलक का समय है.</p>
<h3 style="text-align: justify;">धनतेरस 6 नवंबर को, शाम में होगी पूजा</h3>
<p style="text-align: justify;">धनतेरस के साथ दीपोत्सव की शुरुआत होगी. इस दिन भगवान धन्वंतरि, मां लक्ष्मी और कुबेर की पूजा की परंपरा है. घरों में दीप जलाए जाते हैं और लोग अपनी सामर्थ्य के अनुसार बर्तन, सोना-<a title="चांदी" href="https://www.abplive.com/silver-prices" data-type="interlinkingkeywords">चांदी</a> या उपयोग की वस्तुएं खरीदते हैं.</p>
<p style="text-align: justify;">त्रयोदशी तिथि 6 नवंबर को सुबह 10:30 बजे शुरू होकर 7 नवंबर को सुबह 10:47 बजे समाप्त होगी. नई दिल्ली में धनतेरस पूजा का मुहूर्त 6 नवंबर की शाम 6:02 से 7:57 बजे तक है. ध्यान रखें, यह पूजा का मुहूर्त है. इसे पूरे दिन की खरीदारी का एकमात्र शुभ समय समझना सही नहीं होगा.</p>
<h3 style="text-align: justify;">छोटी दिवाली 7 या 8 नवंबर को?</h3>
<p style="text-align: justify;">इस बार सबसे ज्यादा ध्यान इसी तारीख पर देना होगा. चतुर्दशी तिथि 7 नवंबर को सुबह 10:47 बजे से 8 नवंबर को सुबह 11:27 बजे तक रहेगी. नरक चतुर्दशी का अभ्यंग स्नान सूर्योदय से पहले चतुर्दशी तिथि में किया जाता है. इसलिए नई दिल्ली के लिए नरक चतुर्दशी और रूप चौदस का अभ्यंग स्नान 8 नवंबर की सुबह निर्धारित है.</p>
<p style="text-align: justify;">पंचांग में 7 नवंबर को काली चौदस दी गई है. काली चौदस और नरक चतुर्दशी को एक मानकर तारीख लिखने से भ्रम हो सकता है, क्योंकि दोनों के अनुष्ठान का समय अलग है.</p>
<h3 style="text-align: justify;">दिवाली 8 नवंबर को ही क्यों, जबकि अमावस्या 9 को भी है?</h3>
<p style="text-align: justify;">कार्तिक अमावस्या 8 नवंबर को सुबह 11:27 बजे शुरू होगी और 9 नवंबर को दोपहर 12:31 बजे समाप्त होगी. लक्ष्मी पूजा के लिए शाम का प्रदोष काल देखा जाता है. इस वर्ष अमावस्या 8 नवंबर की शाम को रहेगी, इसलिए दिवाली और लक्ष्मी पूजा रविवार, 8 नवंबर को होगी.</p>
<p style="text-align: justify;">नई दिल्ली में लक्ष्मी पूजा का मुहूर्त शाम 5:54 से 7:50 बजे तक है. प्रदोष काल शाम 5:31 से रात 8:09 बजे तक रहेगा. लक्ष्मी-गणेश पूजन की तैयारी पहले कर लेने से निर्धारित समय में पूजा पूरी की जा सकेगी.</p>
<h3 style="text-align: justify;">गोवर्धन पूजा दिवाली के अगले दिन क्यों नहीं?</h3>
<p style="text-align: justify;">इस बार दिवाली के अगले दिन यानी 9 नवंबर की सुबह अमावस्या रहेगी. प्रतिपदा तिथि 9 नवंबर को दोपहर 12:31 बजे शुरू होकर 10 नवंबर को दोपहर 2 बजे समाप्त होगी. पंचांग के अनुसार गोवर्धन पूजा मंगलवार, 10 नवंबर को होगी. नई दिल्ली में सुबह का पूजा मुहूर्त 6:40 से 8:50 बजे तक है.</p>
<p style="text-align: justify;">गोवर्धन पूजा पर भगवान श्रीकृष्ण को अन्नकूट का भोग लगाया जाता है. घरों और मंदिरों में स्थानीय परंपरा के अनुसार गोवर्धन बनाकर पूजा की जाती है.</p>
<h3 style="text-align: justify;">भाई दूज 11 नवंबर को, कब करें तिलक?</h3>
<p style="text-align: justify;">भाई दूज बुधवार, 11 नवंबर को मनाई जाएगी. द्वितीया तिथि 10 नवंबर को दोपहर 2 बजे शुरू होगी और 11 नवंबर को दोपहर 3:53 बजे समाप्त होगी. नई दिल्ली में भाई को तिलक लगाने का अपराह्न समय दोपहर 1:10 से 3:20 बजे तक है. इस दिन बहनें भाई का तिलक और आरती कर उसके सुख और स्वस्थ जीवन की कामना करती हैं.</p>
<p style="text-align: justify;"><strong>Disclaimer: यहां मुहैया सूचना सिर्फ मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. यहां यह बताना जरूरी है कि ABPLive.com किसी भी तरह की मान्यता, जानकारी की पुष्टि नहीं करता है. किसी भी जानकारी या मान्यता को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें.</strong></p>
<p style="text-align: justify;">दिवाली की तैयारी के बीच इस बार कैलेंडर पर थोड़ा ध्यान देना जरूरी है. आमतौर पर लोग छोटी दिवाली के अगले दिन दिवाली और उसके अगले दिन गोवर्धन पूजा मानकर चलते हैं. लेकिन 2026 में त्योहारों का क्रम ऐसा नहीं है.</p>
<p style="text-align: justify;">8 नवंबर को सुबह नरक चतुर्दशी का अभ्यंग स्नान होगा और शाम को लक्ष्मी पूजा. गोवर्धन पूजा 10 नवंबर को होगी. इसकी वजह चतुर्दशी, अमावस्या और प्रतिपदा तिथियों का आरंभ और समापन समय है. पंचांग के नई दिल्ली संदर्भ में त्योहारों की तारीखें इसी क्रम में दी गई हैं.</p>
<p><iframe title="YouTube video player" src="https://www.youtube.com/embed/HT0bHTAjhV8?si=EY6fDGlZL4KrEgF8" width="560" height="315" frameborder="0" allowfullscreen="allowfullscreen"></iframe></p>
<h3 style="text-align: justify;">दिवाली कैलेंडर 2026: एक नजर में तारीख और मुहूर्त</h3>
<p style="text-align: justify;">नीचे दिए गए सभी समय नई दिल्ली के लिए भारतीय मानक समय के अनुसार हैं. दूसरे शहरों में स्थानीय सूर्योदय, सूर्यास्त और लग्न के कारण मुहूर्त बदल सकते हैं.</p>
<table style="border-collapse: collapse; width: 100%;" border="1">
<tbody>
<tr>
<td style="width: 25%; text-align: left;"><strong>त्योहार का नाम</strong></td>
<td style="width: 14.5417%; text-align: left;"><strong>डेट</strong></td>
<td style="width: 15.7168%; text-align: left;"><strong>दिन</strong></td>
<td style="width: 44.7415%; text-align: left;"><strong>समय</strong></td>
</tr>
<tr>
<td style="width: 25%;">धनतेरस</td>
<td style="width: 14.5417%;">6 नवंबर</td>
<td style="width: 15.7168%;">शुक्रवार</td>
<td style="width: 44.7415%;">शाम 6:02 से 7:57 बजे तक</td>
</tr>
<tr>
<td style="width: 25%;">नरक चतुर्दशी या छोटी दिवाली</td>
<td style="width: 14.5417%;">8 नवंबर</td>
<td style="width: 15.7168%;">रविवार</td>
<td style="width: 44.7415%;">अभ्यंग स्नान सुबह 5:41 से 6:38 बजे तक</td>
</tr>
<tr>
<td style="width: 25%;">दिवाली / लक्ष्मी पूजा</td>
<td style="width: 14.5417%;">8 नवंबर</td>
<td style="width: 15.7168%;">रविवार</td>
<td style="width: 44.7415%;">शाम 5:54 से 7:50 बजे तक</td>
</tr>
<tr>
<td style="width: 25%;">गोवर्धन पूजा / अन्नकूट&nbsp;</td>
<td style="width: 14.5417%;">10 नवंबर</td>
<td style="width: 15.7168%;">मंगलवार</td>
<td style="width: 44.7415%;">सुबह 6:40 से 8:50 बजे तक</td>
</tr>
<tr>
<td style="width: 25%;">भाई दूज</td>
<td style="width: 14.5417%;">11 नवंबर</td>
<td style="width: 15.7168%;">बुधवार</td>
<td style="width: 44.7415%;">तिलक का अपराह्न समय दोपहर 1:10 से 3:20 बजे तक</td>
</tr>
</tbody>
</table>
<p style="text-align: justify;">ये समय संबंधित पर्वों के लिए पंचांग की नई दिल्ली गणना पर आधारित हैं. नरक चतुर्दशी के सामने दिया गया समय अभ्यंग स्नान का है, जबकि भाई दूज के सामने तिलक का समय है.</p>
<h3 style="text-align: justify;">धनतेरस 6 नवंबर को, शाम में होगी पूजा</h3>
<p style="text-align: justify;">धनतेरस के साथ दीपोत्सव की शुरुआत होगी. इस दिन भगवान धन्वंतरि, मां लक्ष्मी और कुबेर की पूजा की परंपरा है. घरों में दीप जलाए जाते हैं और लोग अपनी सामर्थ्य के अनुसार बर्तन, सोना-<a title="चांदी" href="https://www.abplive.com/silver-prices" data-type="interlinkingkeywords">चांदी</a> या उपयोग की वस्तुएं खरीदते हैं.</p>
<p style="text-align: justify;">त्रयोदशी तिथि 6 नवंबर को सुबह 10:30 बजे शुरू होकर 7 नवंबर को सुबह 10:47 बजे समाप्त होगी. नई दिल्ली में धनतेरस पूजा का मुहूर्त 6 नवंबर की शाम 6:02 से 7:57 बजे तक है. ध्यान रखें, यह पूजा का मुहूर्त है. इसे पूरे दिन की खरीदारी का एकमात्र शुभ समय समझना सही नहीं होगा.</p>
<h3 style="text-align: justify;">छोटी दिवाली 7 या 8 नवंबर को?</h3>
<p style="text-align: justify;">इस बार सबसे ज्यादा ध्यान इसी तारीख पर देना होगा. चतुर्दशी तिथि 7 नवंबर को सुबह 10:47 बजे से 8 नवंबर को सुबह 11:27 बजे तक रहेगी. नरक चतुर्दशी का अभ्यंग स्नान सूर्योदय से पहले चतुर्दशी तिथि में किया जाता है. इसलिए नई दिल्ली के लिए नरक चतुर्दशी और रूप चौदस का अभ्यंग स्नान 8 नवंबर की सुबह निर्धारित है.</p>
<p style="text-align: justify;">पंचांग में 7 नवंबर को काली चौदस दी गई है. काली चौदस और नरक चतुर्दशी को एक मानकर तारीख लिखने से भ्रम हो सकता है, क्योंकि दोनों के अनुष्ठान का समय अलग है.</p>
<h3 style="text-align: justify;">दिवाली 8 नवंबर को ही क्यों, जबकि अमावस्या 9 को भी है?</h3>
<p style="text-align: justify;">कार्तिक अमावस्या 8 नवंबर को सुबह 11:27 बजे शुरू होगी और 9 नवंबर को दोपहर 12:31 बजे समाप्त होगी. लक्ष्मी पूजा के लिए शाम का प्रदोष काल देखा जाता है. इस वर्ष अमावस्या 8 नवंबर की शाम को रहेगी, इसलिए दिवाली और लक्ष्मी पूजा रविवार, 8 नवंबर को होगी.</p>
<p style="text-align: justify;">नई दिल्ली में लक्ष्मी पूजा का मुहूर्त शाम 5:54 से 7:50 बजे तक है. प्रदोष काल शाम 5:31 से रात 8:09 बजे तक रहेगा. लक्ष्मी-गणेश पूजन की तैयारी पहले कर लेने से निर्धारित समय में पूजा पूरी की जा सकेगी.</p>
<h3 style="text-align: justify;">गोवर्धन पूजा दिवाली के अगले दिन क्यों नहीं?</h3>
<p style="text-align: justify;">इस बार दिवाली के अगले दिन यानी 9 नवंबर की सुबह अमावस्या रहेगी. प्रतिपदा तिथि 9 नवंबर को दोपहर 12:31 बजे शुरू होकर 10 नवंबर को दोपहर 2 बजे समाप्त होगी. पंचांग के अनुसार गोवर्धन पूजा मंगलवार, 10 नवंबर को होगी. नई दिल्ली में सुबह का पूजा मुहूर्त 6:40 से 8:50 बजे तक है.</p>
<p style="text-align: justify;">गोवर्धन पूजा पर भगवान श्रीकृष्ण को अन्नकूट का भोग लगाया जाता है. घरों और मंदिरों में स्थानीय परंपरा के अनुसार गोवर्धन बनाकर पूजा की जाती है.</p>
<h3 style="text-align: justify;">भाई दूज 11 नवंबर को, कब करें तिलक?</h3>
<p style="text-align: justify;">भाई दूज बुधवार, 11 नवंबर को मनाई जाएगी. द्वितीया तिथि 10 नवंबर को दोपहर 2 बजे शुरू होगी और 11 नवंबर को दोपहर 3:53 बजे समाप्त होगी. नई दिल्ली में भाई को तिलक लगाने का अपराह्न समय दोपहर 1:10 से 3:20 बजे तक है. इस दिन बहनें भाई का तिलक और आरती कर उसके सुख और स्वस्थ जीवन की कामना करती हैं.</p>
<p style="text-align: justify;"><strong>Disclaimer: यहां मुहैया सूचना सिर्फ मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. यहां यह बताना जरूरी है कि ABPLive.com किसी भी तरह की मान्यता, जानकारी की पुष्टि नहीं करता है. किसी भी जानकारी या मान्यता को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें.</strong></p>
Source Credit: abplive.com
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